कट्टर अलगाववादी नेता मसरत आलम सुनवाई के बाद कोट भलवाल जेल शिफ्ट

मुस्लिम लीग के चेयरमैन और कट्टरवादी अलगाववादी नेता मसरत आलम को कोर्ट से रिहाई नहीं मिली है। उसे फिर से जम्मू की कोट भलवाल जेल शिफ्ट कर दिया गया है। मसरत को 2015 के एक मामले में सुनवाई हेतु जम्मू से श्रीनगर ले जाया गया था पर बुधवार को उसे फिर से जेल भेज दिया गया। उसे 20 नवंबर को फिर से अदालत में पेश किया जाएगा।

मसरत आलम 2015 में लंबे अर्से के बाद जेल से छूटा था और उसने छूटते ही कश्मीर में भारत विरोधी रैली का आयोजन किया था। उसपर पीएसए के तहत मामला दर्ज है। मुस्लिम लीग के प्रवक्ता ने कहा कि मसरत के खिलाफ साजिश की जा रही है। प्रवक्ता आयूबी ने केन्द्र और राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि मसरत को गैरकानूनी तरीके से जेल में रखा गया है। कोर्ट कई बार पीएसए हटा चुका है पर जैसे ही आलम बाहर आता है पुलिस कोर्ट परिसर से ही उसे फिर से गिरफ्तार कर लेती है।