जम्‍मू-कश्‍मीर के राज्यपाल अब नए वायसराय की तरह व्यवहार कर रहे हैं: चिदंबरम

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक पर हमला बोलते हुए कहा कि देश के राज्यपाल अब नए वायसराय की तरह व्यवहार करने लगे हैं. सत्यपाल मलिक ने कहा था कि राजनीतिक दलों को भारत-पाकिस्तान वार्ता के बारे में बात करने का कोई अधिकार नहीं है. पूर्व वित्त मंत्री ने कई ट्वीट करते हुए जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल के बयान का हवाला दिया.

नेशनल कॉन्फ्रेंस और पीपल्स डेमोक्रेटिक पार्टी द्वारा कश्मीर मुद्दे को सुलझाने के लिए कथित तौर पर पाकिस्तान की भूमिका का लगातार हवाला देने को लेकर राज्यपाल ने उनकी आलोचना की थी.

उन्होंने कहा, ‘‘जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल ने कहा कि राजनीतिक पार्टियों को भारत-पाकिस्तान वार्ता के बारे में बात करने का अधिकार नहीं है. शायद वह ‘पार्टी विहीन’ लोकतंत्र के समर्थक हैं या फिर ‘लोकतंत्र हो ही न’ के.’ उन्होंने मजाकिया लहजे में टिप्पणी करते हुए कहा, ‘‘ हमें बताया गया कि अंतिम वायसराय लॉर्ड माउंटबैटन थे. यह गलत है. नियुक्त किए गए राज्यपाल और उप राज्यपाल अब नए वायसराय है.’

बता दें कि जम्मू कश्मीर के नए राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने अगस्‍त में कहा था कि जम्मू कश्मीर में शांति बनी रहेगी. उन्होंने कहा कि हम उम्मीद कर रहे हैं कि पंचायत चुनाव में सभी दल जम्मू कश्मीर में हिस्सा लेंगे. राज्य के नए राज्यपाल का कहना है कि वह जम्मू कश्मीर के लोगों को ये बताने की कोशिश करेंगे कि ये चुनाव लोगों को सशक्त करने वाला चुनाव होग, इससे लोगों को फायदा होगा.

ज़ी मीडिया से खास बातचीत में राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा, ‘बड़े पैमाने पर लोग पंचायत चुनाव में वोट करेंगे. हम पूरा प्रयास करेंगे शांति कायम रहे . राज्य के लोगों तक पहुंचना और विश्वास जगाना प्राथमिकता है . जम्मू कश्मीर में यह विश्वास दिलाना है कि ना हम एलियन हैं ना तुम एलियन हो, हम दोस्त हैं. मैं वहां कोई राजनीति के लिए नहीं जा रहा हूं . अपनापन का माहौल बनाने जा रहा हूं.’