तीन माह में ही अच्छा-खासा मुनाफा कमा सकते हैं किसान, जानिए कैसे!

अगर किसान सवा तीन माह में मेहनत कर अच्छा पैसा बटोरने के इच्छुक हैं तो उनको स्ट्राबेरी की खेती के बारे में सोचना चाहिए। कुछ सालों से जम्मू में स्ट्राबेरी की खेती हो रही है। कई मेहनती किसान इस सीजन का फायदा उठा खासा मुनाफा कमा भी रहे हैं। अगर आप भी ऐसा चाहते हैं तो इस खेती के लिए तैयार हो जाएं। यही समय है जब सट्राबेरी की खेती होती है। जम्मू में पौधे लगाने का सही समय 15 अक्टूबर से लेकर 15 नवंबर है।

अच्छी तरह करें खेत तैयार

बडुई गांव के किसान शाम सिंह जोकि हर साल बड़े तौर पर स्ट्राबेरी की खेती करते हैं, ने किसान भाइयों केा इस खेती से संबंधी जानकारी देते हुए कहा कि इसके लिए सबसे पहले अच्छी तरह से खेत तैयार करें। 4-6 बार खेत में हल चलाएं। अगर चार कनाल भूमि मेंं स्ट्राबेरी लगाना चाहते हैं तो तकरीबन दस ट्राली देसी खाद खेतों में डाले। इससे अच्छी पैदावार मिलेगी। खेतों में बेड तैयार करें और एक बेड से दूसरे बेड की दूरी एक फुट होनी चाहिए। पौधे से पौधे की दूरी 9 इंच तक होनी चाहिए। पौधे लगाने से पहले बेड पर मील्चिंग शीट बिछाएं और उसमें गेंद की गोलाई की तरह छेद हो ताकि पौधा लगाया जा सके। बाकी भूमि ढकी रहेगी जिससे स्ट्राबेरी की खेती में घासफूस पड़ने का डर नही रहता। वहीं दूसरी ओर फसल पकने पर फल जमीन को नही छूता व खराब नही होता।

पौधे की गुणवत्ता का रखें ख्याल

पौधे की गुणवत्ता का खास ख्याल रखा जाना चाहिए। अगर किसानों को अच्छे फल चाहिए तो बढ़िया पौधे ही मंगाने चाहिए। एक अच्छा पौधा अढ़ाई तीन रुपये में पड़ जाता है। कई किसान तो पौधे हिमाचल प्रदेश से मंगाते हैं। किसानों को पौधे की बेहतर गुणवत्ता की ओर ध्यान देना चाहिए। पौधे लगाने के बाद अगर जमीन में नमीं नही है तो हर तीन चार दिन बाद स्ट्राबेरी की फसल को पानी दिया जाए, मगर ध्यान रहे कि पानी बेड में लंबे समय तक खड़ा नही रहना चाहिए। एक माह बाद खेत से अतिरिक्त घासफूस हटा दें और समय समय पर गोडी की जाए। अगर किसानों की पूरी मेहनत रही और वहीं मौसम भी साजगार रहा तो दो माह बाद पौधों पर फूल आना शुरू हो जायेंगे।

सौ दिनों में फसल होने लगती है तैयार

स्ट्राबेरी की फसल सौ दिनों में फसल तैयार होने लगेगी। स्ट्राबेरी सेहत के लिए अच्छी होती है इसीलिए मार्केट में इसकी अच्छी खासी मांग है। इसके अच्छे दाम बाजार में मिल जाते हैं। स्ट्राबेरी की 200 ग्राम की डिब्बिया 30-35 रुपये से कम नही बिकती। स्ट्राबेरी उत्पादक किसान शाम सिंह का कहना है कि अगर अच्छी मेहनत हो तो चार कनाल में किसान 25 क्विंटल माल तैयार कर डेढ़ लाख रुपये से अधिक की कमाई कर सकता है।