आतंकियों के साथ मिलकर 5 अगस्त को भारतीय सैनिकों के सिर काटने की साज़िश रच रहा पाक, बॉर्डर पर जवान सतर्क

एक तरफ भारत में 5 अगस्त को होने वाले राम मंदिर भूमिपूजन की तैयारी चल रही है, वहीं दूसरी तरफ पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी अपनी सेना और आतंकियों के साथ मिलकर सीमा पर भारतीय सैनिकों के सिर काटने की योजना बना रही है. पाक की इस नापाक साजिश का पता चलते ही बॉर्डर पर चौकसी बढ़ा दी गई है. 5 अगस्त को प्रधानमंत्री मोदी अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की नींव रखने जा रहे हैं.

इस बात को लेकर पूरा देश बेहद उत्साहित है और अयोध्या में भक्ति कार्यक्रम शुरू भी हो चुके हैं, जहां भारत पूरी तरह से हर्षोल्लास में है, वहीं दूसरी तरफ पाकिस्तान हुक्मरानों के यह बात गले से नीचे नहीं उतर रही है कि भारत में हर मुद्दे को आसानी के साथ क्यों सुलझा लिया जा रहा है. यही कारण है कि पाकिस्तान ने 5 अगस्त को जहां अपने देश में काला दिवस मनाने का फैसला किया है, वहीं दूसरी तरफ उसने सीमा पर गहरी साजिश साजिश रची है.

पाकिस्तान की नापाक साजिश का भारतीय एजेंसियों को उस समय पता चला जब पाक अधिकृत कश्मीर में अचानक पाकिस्तानी खुफिया एजेंसियों की सरगर्मी बढ़ गई और भारतीय खुफिया एजेंसियों ने बॉर्डर पार से कुछ खुफिया संदेशों को पकड़ा, तो बॉर्डर पर भारतीय सैनिकों के सिर काटने की साजिश का खुलासा हुआ. खुफिया एजेंसियों के इस दस्तावेज में साफ तौर पर बताया गया है कि पाकिस्तानी सेना के लोगों ने पाक अधिकृत कश्मीर की चननिया और जमुआ इलाके का दौरा किया पाकिस्तानी खुफिया एजेंसियों के अधिकारियों ने बॉर्डर पर आतंकी कैंपों का दौरा किया और बैट एक्शन टीम के साथ मीटिंग की.

दस्तावेज में साफ तौर पर लिखा गया है कि पाकिस्तानी सेना ने 5 अगस्त को सीमा पर बैट एक्शन के जरिए भारतीय सैनिकों के सिर काटने की साजिश रची और आतंकी कमांडर मारूफ अहमद खान को बैट एक्शन के एक इलाका विशेष का इंचार्ज बनाया गया है. भारतीय खुफिया एजेंसियों की इस अलर्ट के बाद पाकिस्तान से लगी तमाम सीमाओं पर चौकसी बढ़ा दी गई है और पाकिस्तानी साजिश का मुंहतोड़ जवाब देने को कहा गया है. ध्यान रहे कि बीते ईद को भी पाकिस्तानी सेना के जनरल बाजवा ने एलओसी पर पाकिस्तानी सैनिकों से मुलाकात की थी. माना जा रहा है कि उसी दौरान भारत के खिलाफ बैट एक्शन को अंतिम रूप दिया गया था.