डोमिसाइल कानून: जम्मू-कश्मीर में केंद्र के खिलाफ प्रदर्शन, पैंथर्स पार्टी ने कहा- वापस लें संशोधन

जम्मू कश्मीर नेशनल पैंथर्स पार्टी (जेकेएनपीपी) ने जम्मू-कश्मीर डोमिसाइल कानून में हुए नए संशोधनों के विरोध में बुधवार को बीजेपी की केंद्र सरकार का पुतला जलाया और उन प्रावधानों पर फिर से विचार करने की मांग की जिसके तहत बाहरी लोग केंद्र शासित प्रदेश के मूल निवासी बन जाएंगे। जेकेएनपीपी ने इसे थोपा गया कानून बताया और कहा कि सरकार ने जो संशोधन किए हैं वो जनभावना के खिलाफ है।
जम्मू कश्मीर के मूल निवासी के नए नियमों को लेकर सरकार की आलोचना करते हुए जेकेएनपीपी अध्यक्ष और पूर्व मंत्री हर्षदेव सिंह यहां अपने कार्यालय के बाहर निकले और विरोध के तौर पर केंद्र की भाजपा सरकार का पुतला जलाया । उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर के युवाओं के हित में नियमों की समीक्षा की जरूरत है। उन्होंने कहा कि नए नियमों के कारण बाहरी लोगों को मूल निवास का प्रमाण पत्र मिल जाएगा और केंद्र शासित प्रदेश में सरकारी नौकरियों में शिक्षित बेरोजगार युवाओं के अधिकार में सेंध लगेगी।

स्थानीय युवाओं के साथ भेदभाव का आरोप
उन्होंने कहा, ‘बिहार, उत्तरप्रदेश, आंध्रप्रदेश, उत्तराखंड, झारखंड, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ जैसे विभिन्न राज्यों के हजारों श्रमिक, कामगार और व्यवसायी पिछले कई वर्षों से जम्मू कश्मीर में रह रहे हैं । नए नियमों के कारण वे ना केवल मूल निवासी प्रमाण पत्र पाने के हकदार हो जाएंगे बल्कि सरकारी नौकरियां भी उन्हें मिलेगी। यह स्थानीय युवाओं के खिलाफ होगा जिनकी हिस्सेदारी सेवा में आगे और कम होती जाएगी।’ उन्होंने उन प्रावधानों पर फिर से विचार किए जाने की मांग की जिसके तहत बाहरी लोग जम्मू कश्मीर के मूल निवासी माने जाएंगे।