जम्मू कश्मीर का अनुमान, चालू सत्र में फसलें जोरदार है

 जम्मू-कश्मीर के कृषि विभाग (डीओए) ने मंगलवार को कहा कि जम्मू डिवीजन में रबी फसलों की कटाई पर देशव्यापी ‘लॉकडाऊन’ का कोई विशेष प्रभाव होने होगा। विभाग ने कहा कि उसे जम्मू क्षेत्र में चालू मौसम में फसल उत्पादन जोरदार होने की उम्मीद है। सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने मंगलवार को कहा कि किसानों को उनकी उपज बेचने के लिए दो दर्जन से अधिक गेहूं खरीद केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। जम्मू संभाग के कृषि निदेशक, इंदर जीत ने यह भी कहा कि आगामी खरीफ सत्र के लिए उन्होंने पहले ही बीज वितरण का काम शुरू कर दिया है और पर्याप्त उर्वरक उपलब्ध कराया गया है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कृषक समुदाय को किसी समस्या का सामना न करना पड़े। अधिकारी ने पीटीआई भाषा से कहा, ‘‘कटाई सुचारू रूप से चल रही है और हम चालू सत्र में अच्छी बारिश के कारण गेहूं की बंपर फसल की उम्मीद कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित 1,925 रुपये के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर किसानों को अपनी उपज बेचने की सुविधा देने के लिए कठुआ, सांबा और जम्मू जिलों में कुल 24 गेहूं खरीद केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। जम्मू डिवीजन में इन तीनों जिलों सहित 10 जिले शामिल हैं। कृषि विभाग के साथ सहयोग में भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के द्वारा किसानों को न्यूनतम मूल्य सुनिश्चित करने और उन्हें घबराहटपूर्ण बिकवाली करने से रोकने या निजी कारोबारियों द्वारा शोषण से बचाने के लिए ये खरीद केंद्र खोले गए हैं। उन्होंने किसानों से अनुरोध किया कि वे खेतों में काम करते समय या खरीद केंद्रों पर जाते वक्त, समय-समय पर जारी किये जाने वाले परामर्श का अनुपालन करें। उन्होंने कहा कि सामाजिक दूरी रखना कोरोनावायरस से निपटने की कुंजी है। निदेशक ने कहा कि सरकार के पास पर्याप्त उर्वरक उपलब्ध हैं।