भाजपा के बांदीपुरा जिलाध्यक्ष पर लश्कर ने सुनियोजित तरीके से हमला किया :आईजीपी कश्मीर

 कश्मीर के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) विजय कुमार ने बृहस्पतिवार को कहा कि भाजपा के बांदीपुरा जिलाध्यक्ष वसीम बारी पर आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा ने सुनियोजित तरीके से हमला किया था और उनकी निजी सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों को सेवा से बर्खास्त किया जा रहा है। बारी पर बुधवार को हुए हमले के सिलसिले में तीन और पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया गया है और अब तक कुल 10 पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। आईजीपी ने उत्तर कश्मीर के बांदीपुरा जिले में संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम यहां आए और घटनास्थल का निरीक्षण किया। हमने सीसीटीवी कैमरे खंगाले और फुटेज देखने के बाद ऐसा लगता है कि यह सुनियोजित हमला था।’’ बुधवार को बारी की दुकान के बाहर रात करीब नौ बजे आतंकियों ने भाजपा नेता, उनके पिता और भाई पर हमला किया। तीनों को घायल अवस्था में बांदीपुरा जिला अस्पताल ले जाया गया जहां उनकी मौत हो गयी। कुमार ने कहा कि आतंकवादी लगातार बारी की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे और जब वह अपने घर से बाहर निकले तो उन पर गोली चलाई गयी। पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘‘हमने सीसीटीवी फुटेज में देखा कि जब वह अपने घर से ससुराल के लिए निकले तो एक व्यक्ति उन्हें देख रहा था और जब वह लौटे तो वह शख्स वहीं था।’’ उन्होंने कहा, ‘‘जब बारी अपने घर पहुंचे तो उनके निजी सुरक्षा अधिकारी अपने घर चले गये थे और जब वह दुकान पर पहुंचे तो उनके भाई और पिता वहां थे। एक आतंकी आया और करीब से गोली चला दी। तीनों के सिर में गोली लगी और उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया जहां उनकी मौत हो गयी।’’ आईजीपी ने कहा कि पुलिस ने गोली चलाने वाले आतंकवादियों की पहचान कर ली है और वे लश्कर-ए-तैयबा के हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हमने लश्कर-ए-तैयबा संगठन के आतंकवादियों की पहचान कर ली है। एक पाकिस्तानी आतंकी और एक स्थानीय आतंकवादी, आबिद इसमें शामिल थे। हम उनका पता लगा रहे हैं और बहुत जल्द पुलिस, सेना तथा सीआरपीएफ उन्हें मार गिराएंगे।’’ आईजीपी ने कहा कि एक आतंकी ने तीनों पर गोली चलाई, वहीं उसका साथी दूर से बता रहा था। उन्होंने कहा कि आतंकवादी पैदल थे। कुमार ने कहा कि भाजपा नेता बारी की सुरक्षा में कोई कमी नहीं थी और उनके दस पीएसओ की तरफ से चूक हुई है। सुरक्षा अधिकारियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और सेवा से बर्खास्त किया जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘हमने थाने के कैमरे के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। सुरक्षा प्रदान करने में कोई कोताही नहीं थी। उनके साथ 10 पीएसओ थे जिनमें दो सुरक्षा प्रकोष्ठ से और आठ जिला पुलिस के थे। यह संख्या काफी है।’’ कुमार ने कहा, ‘‘अगर उनके साथ दो पीएसओ भी होते तो आतंकियों को मार गिराते। हमारी तरफ से, हमारे जवानों की तरफ से चूक हुई है और हम कार्रवाई कर रहे हैं। एसएसपी (बांदीपुरा) ने सभी 10 पीएसओ को निलंबित कर दिया है और हम उन्हें सेवा से बर्खास्त कर रहे हैं। उन सभी को गिरफ्तार कर लिया गया है।’’ जब आईजीपी से पूछा गया कि क्या जिले में आतंकी मौजूद हैं और क्या राजनीतिक लोगों को खतरा है तो उन्होंने कहा, ‘‘आतंकियों की मौजूदगी है और जैसा मैंने कहा कि यह सुनियोजित हमला लगता है।’’ हालांकि उन्होंने कहा कि चिंता की कोई बात नहीं है और हम जानकारी जुटाकर जल्द आतंकियों को मार गिराएंगे। आईजीपी ने कहा कि पुलिस उन सभी लोगों को सुरक्षा प्रदान कर रही है जिन्हें खतरा है।