25 देशों को पछाड़कर भारत का ये राज्य बना दुनिया का पहला 100 फीसदी ऑर्गेनिक स्टेट

नॉर्थ ईस्ट के छोटे से राज्य सिक्किम ने दुनिया के मंच पर भारत का सिर ऊंचा कर दिया है. कामयाबी की किताब में उसने एक और पन्ना जोड़ दिया. आज जब पूरी दुनिया खाद्य पदार्थों में कैमिकल के बढ़ते प्रयोग से परेशान है, ऐसे में 6 लाख 10 हजार की आबादी वाला ये छोटा सा राज्य दुनिया का पहला 100 फीसदी ऑर्गेनिक स्टेट बन गया है. 16 मई 1975 को भारतीय गणराज्य में जुड़े इस राज्य में पिछले 25 साल से पवन चामलिंग की सिक्किम डेमोक्रेटिक फ्रंट का शासन है. 2016 में पीएम मोदी ने सिक्किम को देश का पहला ऑर्गेनिक स्टेट घोषित किया था.

गुरुवार को खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) ने कृषि तंत्र और सतत खाद्य प्रणालियों को बढ़ावा देने के लिए सिक्कम को ‘सर्वश्रेष्ठ नीतियों का ऑस्कर’ पुरस्कार दिया है. सिक्कम भारत का पहला ऐसा राज्य है जहां ‘‘पूर्णत: यानि 100 प्रतिशत जैविक कृषि’’ की जाती है. एक बयान के मुताबिक पूर्वोत्तर के इस राज्य ने 25 देशों की 51 नामित नीतियों को पीछे छोड़ते हुए पुरस्कार जीता. ब्राजील, डेनमार्क और क्विटो (इक्वाडोर) ने रजत पुरस्कार जीते.

संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ), वर्ल्ड फ्यूचर काउंसिल (डब्ल्यूएफसी) और गैर लाभकारी संगठन आईएफओएएम- ऑर्गेनिक इंटरनेशनल मिलकर यह पुरस्कार देते हैं. सिक्किम लंबे समय तक मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने, पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण, स्वस्थ जीवन और हृदय संबंधी बीमारियों के बढ़ते खतरे को कम करने के मकसद से 2003 में जैविक कृषि अपनाने की आधिकारिक रूप से घोषणा करने वाला देश का पहला राज्य बन गया था.

पवन चामलिंग का जैविक कृषि अधिक प्रचलित करने का आह्वान
रोम : सिक्किम के मुख्यमंत्री पवन चामलिंग ने सोमवार को जैविक कृषि को और ज्यादा लोकप्रिय बनाने की अपील की जैसा कि उनके राज्य में किया जा चुका है. चामलिंग ने इतालवी संसद के एक कक्ष में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सिक्किम को रासायनिक उर्वरकों का इस्तेमाल खत्म कर पूरी तरह जैविक कृषि अपनाने में एक दशक से ज्यादा समय लगा.

उन्होंने कहा, ‘मैं यहां बुलाए जाने को लेकर सबका आभारी हूं. मैं कोई वैज्ञानिक या शोधकर्ता नहीं हूं. मैं बस एक नेता हूं, जिसने रासायनिक उर्वरकों का इस्तेमाल करने वाले राज्य को पूरी तरह जैविक कृषि अपनाने वाले राज्य में बदलने के अभियान का नेतृत्व किया है.’  मुख्यमंत्री ने कहा, ‘अपने पुराने अनुभव और जैविक कृषि संबंधी पहल के साथ अपने जुड़ाव के आधार पर मैं आपसे विश्वास के साथ कह सकता हूं कि दुनियाभर में पूर्णत: जैविक कृषि संभव है. अगर हम सिक्किम में ऐसा कर सकते हैं तो ऐसा कोई कारण नहीं है कि दुनिया में दूसरी जगहों पर नीति नियंता, किसान और सामुदायिक नेता ऐसा नहीं कर सकते.’