पाकिस्तान में आतंकवाद पर कड़े प्रहार के बाद जम्मू कश्मीर में हाई अलर्ट, सेना, वायुसेना, सीमा सुरक्षा बल तैयार

दुश्मन के घर में घुसकर आतंकवाद पर भारतीय वायुसेना के मारक प्रहार के बाद जम्मू कश्मीर हाई अलर्ट पर है। ऐसे हालात में जम्मू के कानाचक्क सेक्टर में पाकिस्तान की और से गोलीबारी के बाद सीमा सुरक्षा बल ने कड़ी जवाबी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान को एक रेंजर को मार गिराया है।

संघर्ष विराम के उल्लंघन के इस मामले के बाद सीमा पर तनाव व्याप्त है। शीर्ष कमांडरों के निर्देश पर राज्य में सशस्त्र सेनाएं, सीमा सुरक्षाबल किसी भी प्रकार के हालात से निपटने के लिए इस समय तैयार है। सूत्रों के अनुसार सीमा पर जवानों की तैनाती भी बढ़ाई गई है। सीमा पर तनाव के चलते सोमवार देर रात को पाकिस्तान ने जम्मू जिले के कानाचक्क सेक्टर में गाेलीबारी शुरू कर दी। सीमा सुरक्षाबलों की कड़ी जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तान के एक रेंजर को मारे जाने की सूचना है।

हालांकि अभी तक इसकी अधिकारिक रूप से पुष्टि नही हुई है। अलबत्ता सीमांत क्षेत्र से लगते गांवों में दहशत का माहौल पैदा हो गया है। जरूरत पड़ने पर सीमा से सटे  इलाकों के निवासियों को पीछे हटाया जा सकता है। जम्मू कश्मीर में आतंकवाद से लड़ रहे सेना, सुरक्षाबलों के जवानों का हौंसला वायुसेना की स्ट्राइक से दुगना हो गया है।

चौदह फरवरी को पुलवामा में जैश-ए-माेहम्मद के आत्मघाती हमले के बाद पाकिस्तान के खिलाफ भारी आक्रोश के बीच जवाबी कार्रवाई का इंतजार हो रहा था। इस हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 40 जवान शहीद हुए थे। अब बारह दिन के बाद बदला लेने की शुरूआत हो गई। इस कार्रवाई को लेकर जम्मू में लोगों में जोश के चलते उम्मीद जताई जा रही है कि पाकिस्तान को उसके किए की सजा दी जाएगी।

उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार जवानों की शहादत का बदला लेने के लिए पहले से तैयार बैठी सेना ने दुश्मन को तबाह करने के लिए पहले से पूरी तैयारी कर रखी है। पिछले दस दिनों से सेना के टैंक, तोपें व अन्य साजो-समान सड़क मार्ग से जम्मू कश्मीर लाने की मुहिम जोर-शोर से जारी थी। इस समय अंतराष्ट्रीय सीमा पर सेना, सीमा सुरक्षाबला के बाद दूसरी कतार में ही है। ऐसे में पाकिस्तान की ओर से किसी भी प्रकार की हिमाकत होती है तो कड़ा जवाबी प्रहार करने के लिए सेना आगे आ सकती है। सेना की उत्तरी कमान के साथ जम्मू में आईबी से सटे इलाकों की सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाली सेना की पश्चिमी कमान के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी इस समय हालात पर पूरी नजर रखे हुए हैं।