माता वैष्णो देवी के श्रद्धालुओं के लिए लंगर कांपलेक्स तैयार, जल्द परोसा जाएगा भोजन

मां वैष्णो देवी की यात्रा के लिए विश्व भर से आने वाले श्रद्धालुओं की इंतजार की घड़ियां जल्द ही खत्म होंगी। श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड इसी माह के दूसरे पखवाड़े यानी 15 मई के बाद निशुल्क लंगर सुविधा शुरू कर देगा। तैयारियां जोरों शोरों से जारी हैं। श्राइन बोर्ड लंगर सेवा के नाम से यह सुविधा 12 महीनें 24 घंटे 12 उपलब्ध करवाएगा।

नए ताराकोट मार्ग के ताराकोट स्थल पर स्थापित इस लंगर कांपलेक्स में श्रद्धालुओं को चाय हलवा के साथ भोजन भी उपलब्ध होगा। श्राइन बोर्ड ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए यात्रा मार्ग पर साइन बोर्ड लगाना भी शुरू कर दिए हैं। इस समय भोजनालय में फर्नीचर व अन्य जरूरी सामान लगाया जा रहा है। बोर्ड का पूरा प्रयास है कि वह तय समय में निशुल्क लंगर शुरू कर दें।

निशुल्क लंगर की समय सारणी भी तय

लंगर में किस समय श्रद्धालुओं को क्या उपलब्ध करवाया जाएगा इसके लिए समय सारणी भी तय कर दी गई है। सुबह 8:30 बजे से लेकर 11:30 बजे तक श्रद्धालुओं को चाय-पूरी के साथ चने व हलवा वितरित किया जाएगा। वही दिन को 12:30 बजे से लेकर शाम 4:30 बजे तक श्रद्धालुओं को दोपहर का भोजन उपलब्ध करवाया जाएगा। इसमें डोगरी खाना मिलेगा जिसमें दाल, अंबल, चावल शामिल हैं। इसी तरह शाम 5:15 बजे से लेकर रात 11:00 बजे तक भोजन तथा रात ही 11:00 बजे से लेकर सुबह 8:00 बजे तक श्रद्धालुओं को चाय, मट्ठी, रस आदि के अलावा रात्रि का खाना उपलब्ध होगा। इसमें सब्जी, दाल, रोटी, तथा मीठा आदि शामिल होगा। सुबह व दोपहर के एक घंटे तथा शाम के 45 मिनट में साफ सफाई तथा खाना आदि बनाने का समय रहेगा।

लंगर व्यवस्था होगी पूरी तरह से सुव्यवस्थित

निशुल्क लंगर को लेकर श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की परेशानी का सामना ना करना पड़े इसके लिए पर्ची सिस्टम शुरू किया जाएगा। अपनी बारी आने पर ही श्रद्धालु आराम से भोजन ग्रहण कर सकेंगे। दूसरी ओर इस लंगर को लेकर अगर कोई भी श्रद्धालु दान आदि करना चाहता है तो उसके लिए भी प्रावधान रखा गया है। इसके लिए भोजनालय के पास दानपात्र लगाया गया है। इसके अलावा डोनेशन काउंटर भी स्थापित किया जाएगा। श्रद्धालु सुविधा अनुसार दान दे सकते हैं। श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के सीईओ सिमरनदीप सिंह ने वीरवार को दौरा कर तैयारियों का जायजा भी लिया।

इस लंगर के लिए श्रद्धालुओं द्वारा दिए जाने वाला दान लंगर पर ही खर्च किया जाएगा। अगर निकट भविष्य में यह लंगर पूरी तरह से सफल रहा तो श्राइन बोर्ड मां वैष्णो देवी के प्राचीन मार्ग के साथ ही बैटरी कार मार्ग पर भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए और ज्यादा लंगर घर खोलने पर विचार कर सकता है। इस लंगर को समय पर शुरू करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।