J&K: आतंक के साथ अब नारको टेररिज्म चला रहा हिजबुल

जम्मू जोन के आइजीपी एमके सिन्हा का कहना है कि आतंकी संगठन हिज्बुल मुजाहिदीन (एचएम) ने अब मादक पदार्थों को अपना नया हथियार बनाया है। जम्मू पुलिस ने हिज्बुल के नारको टेररिस्ट गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन लोगों को पकड़ा है। उनसे भारी मात्रा में हेरोइन की खेप को बरामद किया है, जिसे पाकिस्तान में बैठे आतंकियों ने सीमा के इस पार भेजा है। काबिलेगौर है कि दैनिक जागरण ने कुछ दिनों पूर्व ही यह खुलासा किया था कि आतंकी संगठन अब धन जुटाने के लिए नारको टेररिज्म को अपना हथियार बना रहे हैं।

सोमवार को पत्रकार वार्ता में सिन्हा ने बताया कि शहर के गुरुद्वारा सुंदर सिंह मार्ग स्थित होटल से 27 मई को पकड़े गए दो कश्मीरी युवकों अरशद अली निवासी शोपियां और फयाज अहमद निवासी बिजबेहाड़ा को 260 ग्राम हेरोइन और 12,00,560 रुपये नकदी के साथ पकड़ा गया था। दोनों के खुलासे से पुलिस ने पुंछ के बालाकोट में दबिश देकर मोहम्मद अल्ताफ निवासी कंगा बालाकोट मेंढर के ठिकाने से बारह किलो हेरोइन को बरामद किया है। आरोपित से पूछताछ करने के लिए विशेष जांच टीम का गठन किया गया था।

अरशद और फयाज की पूछताछ के दौरान चौंकाने वाले बातें सामने आई हैं। दोनों ने कबूला कि जनवरी 2018 में वे पाकिस्तान गए थे। फयाज का एक भाई आतंकी अयाज अहमद है और पाकिस्तान से वह हथियार चलाने की ट्रेनिग ले चुका है। फयाज का भाई राज्य में लौटा था और कुछ देर यहां रहने के बाद वापस पाकिस्तान चला गया था। अयाज मौजूदा समय में पाकिस्तान के रावलपिडी शहर में रह रहा है। फयाज जब पाकिस्तान गया तो वह अपने भाई से मिला भी था। अयाज ने उसे जम्मू कश्मीर के रहने वाले एक अन्य आतंकी एजाज अहमद से मिलाया था। एजाज उसके बाद अरशद के संपर्क में रहा और उसे मादक तस्करी के नेटवर्क को चलाने के लिए प्रेरित कर रहा था। अरशद को पाकिस्तान से एजाज मादक तस्करी के बारे में दिशा निर्देश रहा था। जांच के दौरान यह बात सामने आई कि पाकिस्तान की ओर चलए जा रहे नारको टेररिज्म के दो रूट हैं, एक जम्मू के पुंछ में है जबकि दूसरा कश्मीर घाटी में चलाया जा रहा है। नेटवर्क के बारे में वह इससे अधिक जानकारी नहीं दे सकते है। खाते में हवाला राशि आने की आशंका

आइजीपी ने बताया कि जम्मू पुलिस ने मादक तस्करी के आरोप में दबोचे गए कश्मीरी युवक अरशद अहमद के चार बैंक खातों को सील किया है। इनमें एक आईसीआईसीआई बैंक में है जबकि तीन अन्य बैंकों में हैं। पुलिस इन बैंक खातों में जमा करवाई गई धन राशि के स्त्रोत बारे जानकारी जुटा रही है। उम्मीद है खातों की जांच के दौरान कई और मामले सामने आएंगे। मादक तस्करी जुड़े आंकड़े

वर्ष 2018 2019

मामले दर्ज 341 454

आरोपित पकड़े 231 301 जब्त मादक पदार्थ (किग्रा में)

वर्ष 2018 2019

हेरोइन 31 57

चरस 31 111

भुक्की 1672 5035

कोरेक्स की बोतलें 1941 15676