जम्मू नगर निगम के एक दर्जन पार्षदों के खिलाफ शिकायतें, अब कार्रवाई की तलवार

नगर निगम जम्मू में एक दर्जन से ज्यादा पार्षदों ने अपने परिवार सदस्यों को ही विकास कार्यों के ठेके दे दिए हैं। किसी पार्षद की पत्नी के नाम काम का ठेका जारी हुआ है तो किसी के अन्य रिश्तेदार को काम पर लगा दिया है। एक पार्षद के नाम तो संबंधित वार्ड की सफाई का ठेका ही जारी हो गया है। नगर निगम के पास दर्जन भर शिकायतों की प्रारंभिक जांच में आरोपों की पुष्टि से पार्षदों की सदस्यता पर तलवार लटक गई है। वहीं, नियमों को ताक पर रखकर ठेके जारी करने के मामले में नगर निगम के अधिकारियों की मिलीभगत की बात भी सामने आ रही है। नगर निगम आयुक्त कार्यालय इन मामलों की जांच में जुट गया है। 

म्यूनिसिपल एक्ट 2000 के प्रावधानों के अनुसार कोई भी पार्षद न तो खुद और ना ही अपने किसी रिश्तेदार को निर्माण ठेके दिला सकते हैं। जम्मू नगर निगम आयुक्त कार्यालय में एक दर्जन से ज्यादा शिकायतों में पार्षदों पर खुद के नाम या फिर रिश्तेदारों के नाम ठेके जारी करवाने के आरोप हैं। धड़ाधड़ हुई शिकायतों से हड़कंप मच गया है। 

सूत्रों ने बताया कि नगर निगम के पास एक के बाद एक दर्जन भर से ज्यादा शिकायतें पहुंची हैं। इसमें पार्षदों को अपने नाम या फिर रिश्तेदारों के नाम ठेके जारी करवाने की बात कही गई है। प्रारंभिक जांच में आरोप सही पाए गए हैं। शिकायतों की जांच पूरी होने पर पार्षदों पर एक्ट के प्रावधानों के तहत ही कार्रवाई भी हो सकती है। पार्षदों के अलावा वो अधिकारी भी नप सकते हैं जो नियमों को ताक पर रखकर ठेका आवंटन के लिए जिम्मेदार हैं।