यूटी के मुलाजिमों को वेतन बढ़ोतरी का आदेश, दिसंबर में मिलेगी बढ़ी हुई तन्ख्वाह

केंद्र शासित जम्मू-कश्मीर के सरकारी मुलाजिमों को वेतन बढ़ोतरी का तोहफा मिल गया है। इससे पहले अनुच्छेद 370 के चलते सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को यहां पूरी तरह से लागू नहीं किया गया था। लेफ्टिनेंट गवर्नर गिरीश चंद्र मुर्मू के निर्देश पर वित्त विभाग ने मुलाजिमों के वेतन में यातायात भत्ता और बच्चों के लिए शिक्षा भत्ता भी जोड़ दिया है। एलजी का आदेश  31 अक्तूबर, 2019 से प्रभावी हो गया है। कर्मचारियों को वेतन बढ़ोतरी का लाभ दिसंबर से मिलेगा।

वित्त विभाग की ओर से वीरवार को जारी आदेश के अनुसार पे लेवल नौ और उससे ऊपर के शहरों में तैनात कर्मचारियों को यातायात भत्ता 7200 रुपये प्लस डीए के तौर पर मिलेगा। 

अन्य स्थलों पर तैनात कर्मचारियों को यही भत्ता 3600 प्लस डीए के रूप में हासिल होगा। पे लेवल नौ से कम के कर्मचारियों को यातायात भत्ते के तौर पर प्रति माह 3600 प्लस डीए वेतन में जुड़ेगा। शहरों के अलावा अन्य स्थलों पर तैनात कर्मचारियों को 1800 रुपये प्लस डीए मिलेगा। 

लेवल दो तक के कर्मचारियों के वेतन में शहरी स्थलों पर तैनात कर्मचारियों को 1350 रुपये प्लस डीए ट्रांसपोर्ट अलाउंस के तौर पर मिलेंगे। अन्य स्थलों पर तैनाती पर 900 रुपये प्लस डीए मिलेगा।   

इसी तरह जम्मू कश्मीर के कर्मचारियों को केंद्रीय कर्मचारियों की तर्ज पर बच्चों के लिए शिक्षा भत्ता और हॉस्टल सब्सिडी का लाभ भी दे दिया गया है। कर्मचारियों को दो बच्चों के लिए 4500 रुपये शिक्षा भत्ते के रूप में मिलेंगे। दो बच्चों तक प्रति बच्चे के हिसाब से 2250 रुपये दिए जाएंगे। बच्चे के हॉस्टल में रहने पर कर्मचारी 6750 रुपये की सब्सिडी ले सकेंगे।