उत्तरी-कश्मीर में बर्फ से कटे लोगों के लिए सेना बनी ‘मसीहा’

उत्तरी-कश्मीर में बर्फ से कटे गुरेज़ के लोगों के लिए सेना मसीहा बन गई है. सेना ने बर्फीले गुरेज़ से बड़ी संख्या में लोगों को निकाला है. ये लोग सड़क संपर्क ना होने के चलते श्रीनगर और बांदिपोरा नहीं पहुंच सकते थे. रविवार को हुए ऑपरेशन में सेना की तरफ से निकाले गए 160 लोगों में कई बीमार भी थे, जिन में से चार लोग गंभीर अवस्था में थे.

सेना ने साथ ही मेडिकल टीम को भी गुरेज़ तक पहुंचाया. सड़क संपर्क ना होने के कारण COVID 19 से बचाव के लिए मेडिकल कर्मचारी मास्क और सैनिटाइजर इस इलाके में नहीं पहुंचा पा रहे थे.

स्थानीय प्रशासन ने 14 मार्च को सेना के लोकल कमांडर के साथ संपर्क बनाते हुए गुरेज़ में फंसे लोगों को निकालने का आग्रह किया था. इन फंसे लोगों में कई छात्र, सरकारी कर्मचारी और मरीज शामिल थे.

खबर मिलने के तुरंत बाद सेना के वरिष्ठ अधिकारी एक्शन में आ गए. इस ऑपरेशन को सेना और वायुसेना ने मिलकर अंजाम दिया. इस ऑपरेशन के जरिए ना सिर्फ लोगों को निकाला गया बल्कि जरूरी सामान और मेडिकल कर्मचारियों को भी गुरेज़ पहुंचाया गया.

जिन लोगों को बाहर निकाला गया उनकी कोरोना वायरस संक्रमण जांच भी की गई. सेना के अनुसार संदिग्ध संक्रमित लोगों के लिए गुरेज़ और दावर में दो आइसोलेशन वार्ड भी तैयार रखे गए हैं, जहां सेना कि मेडिकल कोर के लोग तैनात हैं.

बर्फीले मौसम में जहां कश्मीर का यह दूर दराज इलाका बाकी देश दुनिया से कट जाता है वहीं इस बार ज्यादा बर्फबारी के चलते इस बार सड़क खोलने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा. बांदिपोरा का गुरेज़ पिछले साल नवम्बर से भारी बर्फबारी के चलते बाकी देश दुनिया से कटा हुआ है. फिलहाल सड़क से बर्फ हटाने का काम जारी है. कन्ज़ल्वान तक सड़क को साफ किया जा चुका है. पूरी तरह सड़क को यातयात योग्य बनाने के लिए अभी अप्रैल महीने के अंत तक का इंतजार करना पड़ेगा.