कश्मीर में वाटर राफ्टिंग पर रोक लगी, रिवर राफ्टिंग के दौरान नाव डूबने से दो की हो गई थी मौत

राज्य प्रशासन ने कश्मीर के पर्यटनस्थलों पर विशेषकर पहलगाम और सोनमर्ग में वाटर राफ्टिंग पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है। यह कदम बीते दिनों दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में लिद्दर दरिया में राफ्टिंग के दौरान हुए हादसों में तीन लोगों की मौत के बाद उठाया गया है। शाम को पर्यटन निदेशक कश्मीर ने आदेश जारी करते हुए कहा कि पर्यटकों व अन्य लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी पयर्टन स्थलों विशेषकर पहलगाम और सोनमर्ग में राफ्टिंग पर रोक लगाई जाती है।

उन्होंने कहा कि जब तक वाटर राफ्टिंग के लिए पर्याप्त मजबूत व्यवस्था व सुरक्षा प्रबंध पूरी तरह से बहाल नहीं किए जाते वाटर राफ्टिंग बंद रहेगी। सभी संबंधित अधिकारी इस आदेश के अनुपालन को यकीनी बनाएं। गौरतलब है कि 31 मई की शाम को लिददर दरिया में राफ्टिंग कर रहे पर्यटकों की नौका पलट गई थी। इस हादसे में पर्यटको को बचाते हुए टूरिस्ट गाईड रौऊफ अहमद की मौत हो गई थी। इसके बाद दो दिन पहले लिददर दरिया में पर्यटन विभाग द्वारा टूरिस्ट गाईड रौऊफ अहमद की याद में आयोजित वाटर राफ्टिंग प्रतियोगिता के दौरान हुए हादसे में राज्य पर्यटन विभाग के एक अधिकारी और एक महिला राफ्टर की दरिया में डूबने से मौत हो गई थी।

पर्यटन निदेशक ने वाटर राफ्टिंग पर पाबंदी का कारण सिर्फ लोगों की सुरक्षा बताया है। संबंधित अधिकारियों की मानें तो लिददर में हुए हादसों की जांच के लिए गठित समिति द्वारा वाटर राफ्टिंग के नियमों और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की तरफ ध्यान दिलाए जाने के बाद ही यह फैसला लिया गया है।

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटन विभाग के एक कर्मचारी सहित दो लोगों की लिद्दर दरिया में राफ्टिंग के दौरान नाव डूबने से मौत हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। इस घटना ने 31 मई को इसी तरह की एक घटना की याद दिला दी जब एक स्थानीय पर्यटक गाइड राउफ अहमद डार की मौत पांच पर्यटकों को बचाने के दौरान हो गई थी। उनकी भी नाव लिद्दर दरिया में डूब गई थी।

मंगलवार की इस घटना में मरनेवाले या घायल होने वाले सभी उस राफ्टिंग चैंपियनशिप में हिस्सा ले रहे थे जिसे राउफ अहमद डार को श्रद्धांजलि देने के लिए आयोजित किया गया था। अधिकारियों ने बताया कि घायलों को अस्पताल ले जाया गया, जहां रिंकू राजा पंडिता (पर्यटन विभाग के कर्मचारी) और संजना को मृत घोषित कर दिया गया। उन्होंने बताया कि पांच लोगों को एक स्थानीय अस्पताल में भर्ती किया गया है।

राज्यपाल ने किया मुआवजे का ऐलान

हादसे के बाद जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया और उन्होंने अधिकारियों को प्रत्येक मृतकों के परिजनों को दो लाख रुपये का मुआवजा देने का निर्देश दिया। एक आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया, ‘राज्यपाल ने इस दुख की घड़ी में मृतकों के आत्मा की शांति और परिजनों को संबल मिलने के लिए प्रार्थना की। उन्होंने घायल लोगों के जल्द से जल्द ठीक होने की कामना की।’

राज्यपाल ने इस घटना पर चिंता जताते हुए राज्यपाल ने इस खेल में शामिल होने से पहले कड़े सुरक्षा कदम उठाने का निर्देश देते हुए इस बात पर जोर दिया कि इससे जुड़ी गतिविधियों का प्रबंधन सिर्फ दक्ष लोग ही करें।