मुंबई के एक व्यक्ति के पास 14 मंजिला मकान फिर भी नहीं करता चैरिटी: सत्यपाल मलिक

अपने बयानो को लेकर चर्चा में रहने वाले जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक का कहना है कि हमारे समाज में चैरिटी की भावना मौजूद नहीं है. मुंबई में एक व्यक्ति का 14 मंजिला मकान है लेकिन यह पूछने पर कि क्या वो दान करता है तो वो मना कर देता है.

दिव्यांग अंतरराष्ट्रीय दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम में दिव्यांग छात्रों के लिए छात्रवृत्ति योजना की शुरूआत करते हुए जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि हमारे समाज के साथ समस्या ये है कि यहां परोपकार की भावना नहीं है. दुनिया भर के सफल लोग अपनी कमाई का बड़ा हिस्सा समाज के कल्याण के लिए दान करते हैं. लेकिन हमारे यहां, मुंबई में एक व्यक्ति है जिसके पास 14 मंजिला मकान है, लेकिन यह पूछने पर कि क्या वो दान करता है तो वो मना कर देता है.

राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने एक महत्वपूर्ण पहल में दिव्यांग छात्रों के सशक्तिकरण के लिए जम्मू कश्मीर सरकार की छात्रवृत्ति योजना शुरू करने की घोषणा की. इसके तहत 1 लाख रुपये की छात्रवृत्ति हर वर्ष एक मेधावी दिव्यांग छात्र व छात्रा को प्रदान की जाएगी.

इससे पहले एक इंजीनियरिंग कॉलेज के कार्यक्रम में राज्यपाल सत्यपाल मलिक के उस बयान पर विवाद हो गया था जिसमें उन्होंने विधानसभा भंग करने के अपने फैसले पर बोलते हुए कहा था कि अगर उन्होंने अपने हाल के फैसले के लिए दिल्ली से पूछा होता तो उन्हें दो विधायकों वाली सज्जाद लोन की पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार बनवानी पड़ती और इतिहास में उन्हें एक ‘बेईमान आदमी’ के रूप में याद किया जाता. ग्वालियर के आईटीएम विश्वविद्यालयमें एक कार्यक्रम में मलिक ने कहा था कि दिल्ली की तरफ देखता तो मुझे लोन की सरकार बनवानी पड़ती और मैं इतिहास में एक बेईमान इंसान के तौर पर जाना जाता.