जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को केंद्र सरकार ने दिया तोहफा, अब 7वें वेतन आयोग का मिलेगा फायदा

जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में काम करने वाले सरकारी कर्मचारियों को सरकार ने दिवाली का तोहफा दिया है. गृह मंत्री अमित शाह ने जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में काम करने वाले सरकारी कर्मचारियों के लिए सातवें वेतन आयोग (7th Pay Commission) की सिफारिशों को मंजूरी दे दी है. आगामी 31 अक्टूबर से नया नियम लागू होगा. सरकार के इस फैसले से साढ़े चार लाख कर्मचारियों को सीधे तौर पर फायदा मिलेगा. सरकार का यह फैसला केंद्र शासित प्रदेश बनने वाले जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 31 अक्टूबर से लागू होगा.

संबंधित आदेश जारी किया गया
गृह मंत्री ने 31 अक्‍टूबर से अस्तित्‍व में आने वाले जम्‍मू कश्‍मीर और लद्दाख संघ क्षेत्रों के सभी सरकारी कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के अंगीकृत सभी भत्‍ते प्रदान करने के प्रस्‍ताव को स्‍वीकृत कर दिया है. गृह मंत्रालय की तरफ से इस बारे में संबंधित आदेश जारी कर दिया गया है. मौजूदा जम्‍मू-कश्‍मीर राज्‍य में कार्यरत 4.5 लाख सरकारी कर्मचरियों को सातवें वेतन आयोग की अंगीकृत सिफारिशों के अनुरूप सभी भत्‍ते जैसे चिल्‍ड्रेन एजूकेशन अलाउयन्‍स, हॉस्‍टल अलाउयन्‍स, ट्रान्‍सपोर्ट अलाउयन्‍स, लीव ट्रेवल कन्‍सेशन (LTC), फिक्‍सड मेडिकल अलाउयन्‍स आदि दिए जाने पर सालाना अनुमानित खर्च लगभग 4800 करोड़ रुपये आएगा.

सालाना बढ़ने वाला खर्च
विवरण——-राशि (करोड रुपये में)

  • चिल्‍ड्रेन एजूकेशन अलाउयन्‍स— 607 करोड़
  • हॉस्‍टल अलाउयन्‍स—–1823 करोड़
  • ट्रांसपोर्ट अलाउयन्‍स—–1200 करोड़
  • लीव ट्रेवल कन्‍सेशन (LTC)—–1000 करोड़
  • फिक्‍सड मेडिकल अलाउयन्‍स—–108 करोड़
  • अन्‍य भत्‍ते—–62 करोड़
    योग—–4800.00 करोड़