Coronavirus: बचाव के लिए सेना मुख्यालय के आधे अधिकारियों को एहतियात के तौर पर होम-क्वारंटीन पर भेजा गया

कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए अब सेना मुख्यालय में तैनात करीब आधे अधिकारियों और जवानों को एक हफ्ते के लिए घर में ही क्वारंटीन करने का आदेश दिया गया है. वे एक हफ्ते तक वर्क फ्रॉम होम करेंगे. एक हफ्ते बाद बाद बाकी बचे अधिकारी क्वारंटीन पर जाएंगे और उनकी जगह पहले वाले अधिकारी ले लेंगे. ये सब सेना मुख्यालय में तैनात वरिष्ठ अधिकारियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए किया गया है. क्योंकि अगर कोरोना वायरस देश में महामारी की तरह फैला तो सेना को भी इसके खिलाफ मोर्चा खोलना पड़ेगा जैसा कि चीन और इटली की सेनाएं कर रही हैं.

खुद थलसेना प्रमुख जनरल एम एम नरवणे ने शुक्रवार को वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों से राजधानी दिल्ली स्थित साऊथ ब्लॉक में मीटिंग के बाद कोरोना वायरस से लड़ने के लिए उठाए जा रहे कदमों की समीक्षा की और सेना मुख्यालय को लेकर जरूरी दिशा निर्देश जारी किया. जानकारी के मुताबिक, सेना मुख्यालय में तैनात 35 प्रतिशत सैन्य अधिकारी और 50 प्रतिशत जेसीओ (जूनियर कमीशन्ड अधिकारी यानी सूबेदार इत्यादि) और जवानों को 23 मार्च एक हफ्ते के लिए छुट्टी पर भेज दिया गया है. ये सभी अधिकारी और जवान 3 मार्च तक घर पर ही क्वारंटीन (क्वारंटाइन) रहेंगे.

सेना मुख्यालय के मुताबिक, होम-क्वारंटीन के दौरान सभी अधिकारी फोन पर और दूसरे इलेक्ट्रोनिक माध्यमों से संपर्क पर रहेंगे. सेना मुख्यालय में किसी तरह से भीड़ इकठ्ठा ना हो इसके लिए एंट्री और एग्जिट गेट्स निश्चित समय पर खुलेंगे और बंद हो जाएंगे. सेना में कोरोना वायरस ना फैल सके इसके लिए जितने भी अधिकारी और जवान छुट्टी पर हैं उन सभी की छुट्टियां 15 अप्रैल तक बढ़ा दी गई हैं. अगले आदेश तक सेना के सभी अधिकारियों, यूनिट्स और रेजीमेंट्स की मूवमेंट पर रोक लगा दी गई है. सैन्य अधिकारियों की नई पोस्टिंग (तबादला) रोक दिया गया है.

आपको बता दें कि सैनिकों में कोरोना वायरस को फैलने ना दिया जाए, इसके लिए सेना मुख्यालय ने 15 अप्रैल तक सभी युद्धभ्यास, ट्रैनिंग और सेमिनार रद्द कर दिए हैं. अगामी सोमवार से शुरू होने वाले सभी मिलिट्री-कोर्स (सिवाए मेडिकल कोर के) रद्द कर दिए गए हैं. लेकिन जो कोर्स फिलहाल चल रहे हैं वे सभी जरूरी-बचाव के साथ चलते रहेंगे. यहां तक की सैनिकों और यूनिट्स की मूवमेंट पर भी रोक लगा दी गई है. इसके अलावा सेना ने अपने सभी वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों की विदेश यात्राएं भी अनिश्चितकालीन के लिए रद्द कर दी हैं.

सेना ने देश के अलग अलग हिस्सों में होने वाली रिक्रूटमेंट-रैलियां भी अगले एक महीने के लिए टाल दी हैं. 20 मार्च से शुरू होने वाले एसएसबी (सर्विस सेलेक्शन बोर्ड) कोर्स और सभी मिलिट्री एंटरेंस परीक्षाओं को भी सेना ने 15 अप्रैल तक के लिए टाल दिया है. सीएसडी कैंटीन को भी हिदायत दी गई है कि किसी भी तरह से भीड़भाड़ ना लगाई जाए. साथ ही सेना ने कैंट और छावनी में रहने वाले सैनिक, पूर्वसैनिक और सिविलयन्स को भी घर में रहने की हिदायत दी है.

गौरतलब है कि लद्दाख में एक सैनिक के कोरोना वायरस पॉजिटिव पाए जाने के बाद पूरे लद्दाख-स्कॉउट्स के रेजीमेंट-सेंटर को लॉक डाउन कर दिया गया है. आपको बता दें कि चीन और इटली जैसे देश जहां पर कोरोना वायरस का प्रकोप फैला है वहां सेना और सैनिक ही इस महामारी के खिलाफ मोर्चा संभाले हुए हैं. ऐसे में बेहद जरूरी है कि भारतीय सेना को कोरोना वायरस से बचाव करते हुए सदैव देश सेवा के लिए तैयार रहना होगा.