मोदी सरकार का ‘मेगा जॉब प्रोग्राम’, ऐसे पूरा होगा 10 लाख युवाओं को नौकरी देने का लक्ष्य

बेरोजगारी की समस्या वर्तमान सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती है. 2019 लोकसभा चुनाव भी नजदीक आ गया है. ऐसे में मोदी सरकार की कोशिश है कि इस समस्या का निदान हर हाल में किया जाए, क्योंकि विपक्ष के लिए यह बहुत बड़ा मुद्दा है. ऐसे में बेजोगारी की समस्या से निपटने के लिए मोदी सरकार मेगा जॉब प्रोग्राम चलाने जा रही है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय, श्रम मंत्रालय और कौशल  विकास मंत्रालय मिलकर एक विशेष कोर्स चलाने जा रही है जिसके तहत अंडर ग्रैजुएट युवाओं को रोजगार के लिए ट्रेनिंग दी जाएगी, फिर उन्हें रोजगार भी दिया जाएगा.

इस मेगा प्रशिक्षण प्रोग्राम के तहत नॉन-टेक्निकल अंडर ग्रैजुएट युवाओं को सरकारी और सरकारी फंडेड संस्थानों में ट्रेनिंग दी जाएगी. ट्रेनिंग पूरा होने के बाद जैसे ही वे युवा अपना ग्रैजुएशन पूरा करेंगे, उन्हें नौकरी दिलाने की कोशिश होगी. तमाम सर्वे में कहा गया है कि भारतीय ग्रैजुएट में इतनी क्षमता नहीं होती है कि वे किसी काम को अच्छे से कर पाएं. खासकर जब वे नॉन टेक्निकल बैकग्राउंड से हों. इसी को ध्यान में रखते हुए स्किल इंडिया प्रोग्राम को शुरू किया गया था. युवाओं को इसका आंशिक लाभ भी मिला है.