‘कश्मीर में खूनी हिंसा की हर चीज प्रचार का टूल’.. बच्चे की वायरल फोटो पर उमर अब्दुल्ला ने उठाए सवाल

जम्मू-कश्मीर में मंगलवार को आतंकवाद की सबसे भयावह तस्वीर सामने आई। आतंकी हमले में मारे गए एक शख्स के पास बैठे उसके पोते की तस्वीर ने सबको झकझोरकर रख दिया है। आतंकी हमले के बीच में फंसे तीन साल के बच्चे के लिए सीआरपीएफ के जवान किसी फरिश्ते की तरह सामने आए। उनमें से एक जवान ने बच्चे को अपनी गोद में उठा लिया और उसे दुलराते हुए सुरक्षित ठिकाने पर ले गया।

बच्चे के साथ जवान की यह तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। सेना के इस फरिश्तों वाले काम पर जहां पूरा देश भावुक और गर्वित है, वहीं जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने इस पर सवाल उठाए हैं। अब्दुल्ला ने इसे प्रचार का एक ‘टूल’ करार दिया है। उन्होंने कहा कि इससे (तस्वीर से) भारतीय सेना यह साबित करना चाहती है कि ‘हम अच्छे हैं और वे बुरे हैं।’ अब्दुल्ला ने बुधवार को इसे लेकर ट्वीट किया और सेना के जवान की दरियादिली वाली तस्वीर को साझा न करने की भी अपील की।