करतारपुर कॉरीडोर : सिद्धू गए पाकिस्‍तान, बोले- ‘पीएम इमरान खान का कर्जदार हूं’

पाकिस्‍तान में बुधवार (28 नवंबर) को होने वाले करतारपुर कॉरीडोर के शिलान्‍यास कार्यक्रम में शामिल होने के लिए कांग्रेस नेता और पंजाब सरकार में पर्यटन मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू मंगलवार को पाकिस्‍तान चले गए हैं.

पाकिस्‍तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी की ओर से दिए गए आमंत्रण पर कार्यक्रम में शामिल होने गए सिद्धू ने इस दौरान पाकिस्‍तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के प्रति आभार जताया है. उन्‍होंने पाकिस्‍तान रवाना होने से पहले अटारी-वाघा सीमा पर मीडिया से कहा ‘मैं पाकिस्‍तान के प्रधानमंत्री इमरान खान का कर्जदार हूं.’ साथ ही उन्‍होंने अपने को भारत सरकार का भी कर्जदार बताया.

बता दें कि पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने करतारपुर गलियारा के शिलान्यास समारोह में शामिल होने के लिए पाकिस्तान का न्योता रविवार को अस्वीकार कर दिया था, जबकि उनके मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने खुशी-खुशी यह अनुरोध स्वीकार कर लिया है.

मुख्यमंत्री ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी को लिखे एक पत्र में कहा कि यह एक ऐतिहासिक अवसर है लेकिन उन्हें इसमें उपस्थित नहीं हो पाने के लिए अफसोस है. उन्होंने अपने राज्य में होने वाले आतंकी हमलों और पाकिस्तानी सैनिकों द्वारा भारतीय सैनिकों की हत्या किए जाने को इसकी वजह बताया था.

अमरिंदर ने कहा था, ‘‘मैं आशा करता हूं कि प्रधानमंत्री (पाकिस्तान के) परिस्थितियों को समझेंगे…इस ऐतिहासिक अवसर पर मेरे लिए पाकिस्तान में उपस्थित होना संभव नहीं हो सकता, जबकि गुरूद्वारा श्री करतारपुर साहिब में मत्था टेकना हमेशा से मेरा सपना रहा है. उम्मीद है कि शत्रुता और इन हत्याओं के बंद होने पर यह हसरत पूरी हो जाएगी.’’

इस समारोह में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान भी मौजूद होंगे. सिद्धू ने रविवार को पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी को पत्र लिख कर शिलान्यास समारोह के लिए उनका न्योता स्वीकार कर लिया था. उन्होंने कुरैशी को लिखा, ‘‘बड़े ही सम्मान और अपार हर्ष के साथ मैं 28 नवंबर को करतारपुर साहिब में शिलान्यास समारोह में शामिल होने का आपका न्योता स्वीकार करता हूं. इस मौके पर मैं आपसे मिलने की आशा करता हूं.’’

सिद्धू ने 24 नवंबर को उन्हें लिखे गए कुरैशी के पत्र के जवाब में यह कहा है. पाकिस्तानी विदेश मंत्री ने अपने पत्र में कहा था, ‘‘यह सिख समुदाय, खासतौर पर भारत के सिखों की लंबे समय से लंबित मांग है.’’ उन्होंने कहा कि यह पहल हमारे दिलो-दिमाग में बन चुकी सरहद को खत्म कर देगी. हमारे लोग इस यात्रा के जरिए भारत और पाकिस्तान के लिए साझा शांति एवं समृद्धि के भविष्य की ओर बढ़ेंगे.

इसके अलावा सिद्धू ने अपने राज्य के गुरदासपुर स्थित डेरा बाबा नानक से पड़ोसी देश स्थित करतारपुर साहिब तक गलियारा विकसित करने के भारत सरकार के फैसले का स्वागत किया है.

बता दें कि क्रिकेट से राजनीति में आए इमरान खान के प्रधानमंत्री पद के शपथ समारोह में भी नवजोत सिंह सिद्धू बतौर मेहमान शामिल हुए थे. इसी साल अगस्त में इस्लामाबाद का दौरा करने और पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा को गले लगाने को लेकर सिद्धू को विपक्षी पार्टियों की आलोचना का सामना करना पड़ा था.